Desh Bhakti Shayari

ऐ मेरे वतन के लोगों, ज़रा आँख में भर लो पानी। जो शहीद हुए हैं उनकी, ज़रा याद करो कुर्बानी।।

Work like a Gujarati; Eat like a Rajasthani; Sing like a Bengali; Dance like a Punjabi; Smile like a Kashmiri; Live life like a Goa; And always cherish being an Indian!

Ye baat hawao ko bataye rakhna, Roshni hogi chirago ko jalaye rakhna, Lahu dekar jiski hifazat humne ki… aise TIRANGE ko sada Dil me basaye rakhna…. Happy Indian Independence Day ...

Nahi Parwaah Mainu Faansi Di, Watan Layi Marna Dharam Mera, Bharat Mata Azaad Ae Karauni… Aes Bina Nahin Koi Karam Mera!

जिसने शाहजहाँ और औरंगजेब को उनकी नानी याद दिलाई थी वो मराठा वीर शिवाजी थे, जिसने मुगलों की चूलें हिलाई थी उस भगवा ध्वज वाहक में गजब की रवानी थी………………………………….. जिसने हर हिन्दुस्तानी के दिल में फिर, देशभक्ति की आग जलाई थी………………….

अकबर तो था आक्रमणकारी, उसे महान मत बतलाओ वीर प्रताप के गुण गाओ……… महाराणा के स्वाभिमान को मत भूल जाओ अकबर को महान बताना मक्कारी है, गद्दारी है……….. अपना प्रताप लाखों अकबरों पर अकेले भारी है……………….

देश को आजादी के नए अफसानों की जरूरत है भगत-आजाद जैसे आजादी के दीवानों की जरूरत है…….. भारत को फिर देशभक्त परवानों की जरूरत है………………….

जिन्हें है प्यार वतन से, वो देश के लिए अपना लहू बहाते हैं माँ की चरणों में अपना शीश चढ़ाकर, देश की आजादी बचाते हैं देश के लिए हँसते-हँसते अपनी जान लुटाते हैं…………………………

ज़माने भर में मिलते हे आशिक कई , मगर वतन से खूबसूरत कोई सनम नहीं होता , नोटों में भी लिपट कर, सोने में सिमटकर मरे हे कई , मगर तिरंगे से खूबसूरत कोई कफ़न नहीं होता |

Ye baat hawao ko bataye rakhna, Roshni hogi chirago ko jalaye rakhna, Lahu dekar jiski hifazat humne ki… aise TIRANGE ko sada Dil me basaye rakhna….

Khoon se khelenge holi, Agar watan mushkil mein hain, Sarfaroshi ki tamanna, Ab humarey dil mein hain, Aao milkar kare desh ko salam Bolo mera bharat mahan….!!!

Ishq toh karta hain har koyi Mehboob pe marta hain har koyi, Kbhi watan ko mehbub bna kr deko Tujh pe marega har koyi……!!!!

न मस्जिद को जानते हैं , न शिवालों को जानते हैं जो भूखे पेट होते हैं, वो सिर्फ निवालों को जानते हैं. मेरा यही अंदाज ज़माने को खलता है. की मेरा चिराग हवा के खिलाफ क्यों जलता है…… में अमन पसंद हूँ, मेरे शहर में दंगा रहने दो… लाल और हरे में मत बांटो, मेरी छत पर तिरंगा रहने दो |

rango to hajaro milenge par aunh rang mese mera triranga ka rang mahan… iss dharti pe to kayi deash milenge par aunh desh mese mera bharat mahan…..

sharforosi ki tamana ab hamare dil me bhi hai. jhakham ayesha mila hai ki use bhula na muskil hai. jo kurbani di hai mera mumbai basio ne uska karara jabab dena abhi baki hai…bande mataram