मेरे दोस्त की ख्वाहिश है कि कुछ मेरे बारे मे भी गाया जाए ,
मेरी भी मोहब्बत को कविताओं में आजमा जाए ,
यह बात पुरानी नहीं है जो मैं जता रहा हूं ,
इसे कहानी मत समझना मैं सच बता रहा हूं ,
यह बात तब की है जब हम घूम रहे थे ,
हम दोनों मस्ती में झूम रहे थे ,
वह लड़की ऐसी दिखी कि मेरे दोस्त का दिल आ गया ,
मुझे लगा महीना पूरा नहीं हुआ और बिल आ गया ,
दोस्त बोला भाई इस लड़की पर मेरा दिल आ रहा है ,
मैं बोला भूल गया तू अभी तू मन्दिर जा रहा है ,
दोस्त से रहा नहीं गया और उस लड़की से बोल दिया ,
अपने दिल का राज वही खोल दिया ,
बोला कि दिल तुम पर आ रहा तुम कहो तो ब्रेक मार दे ,
मैं बोला भाई गाड़ी बहक रही हैं पहले तू मुझे उतार दे ,
उसने मेरी बात को अनसुना कर दिया ,
और फिर हस कर चल दिया ,
दोस्त की मोहब्बत अब है कुछ इस कदर ,
लड़ाई होती रहती है पर नहीं पड़ता असर ,
अब तो लोग मेरे दोस्त की मोहब्बत की मिसाल देते हैं ,
अरे सच कहूं तो साल में एक दो बार कसम हम भी खा लेते हैं ,
इनकी मोहब्बत तो इतिहास में लिखी जाएगी ,
शायद ऐसी मोहब्बत अब कोई लड़की नहीं कर पाएगी ,
इतने मे आवाज आई गलत है मोहब्बत करना एक बंदे ने कहा ,
मैंने बोला इश्क का दर्द फिर तुमने क्यों सहा ,
गलतियाँ न गिन ओ यारा इश्क में कि किसने क्या गुनाह किया ,
इश्क तो एक नशा है जो मैने नहीं सिर्फ मेरे दोस्त ने किया ,
इनकी मोहब्बत को बहुत-बहुत बधाई ,
यह लिखने वाला कोई और नहीं मैं भाई का छोटा भाई.....✍
by bhai Ka Chhota bhai
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