* तुमको लिखा * जो भी लिखा तुम्हें,कम लिखा तुमको खुशियां, खुद को गम लिखा खुद को कभी,तुम्हे हरदम लिखा खुद को ख़ंजर, तमको मरहम लिखा जितना भी लिखा तुमको,कम लिखा ।
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