महनत से भी मिलेगा उतना ही
नसीब में लिखा जितना है
उंठ हाथी घोड़े डूब गए
गधा पूछता है पानी कितना है
फ़कीर बादशाह साब (FAKEERA)
Writer’s notebook
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फूलों से है वोह नाजुक
पत्थर से है वोह सख़्त
आदमी है मोंम के और
अंगार है वक़्त
फ़कीर बादशाह साब ( FAKEERA)
मै समझ गया के मै
इस दुनिया में क्यों आया हूं
मै अपने अज़ीज़ों के जनाज़ों को
कांधा देने के लिए आया हूं
फ़कीर बादशाह साब ( FAKEERA)
तेरा पंडित तेरा मुल्ला तेरा पादरी
मुझे तेरे खौफ से डरता है
अय ख़ुदा तेरा खौफ़नाक और डरावना
चहेरा वोह मुझे दिखता है
फ़कीर बादशाह साब ( FAKEERA)
जितने भी हर्फ है
सब से ज़्यादा तासीर
अलिफ़ में है
या अल्लाह तेरा नाम
लेनेवाला हर एक बंदा
तकलीफ में है
फ़कीर बादशाह साब (FAKEERA)
क्या हासिल गर साब कुछ खोकर
जंग जीतेगे
ज़ख्म तो भर जायेगे मगर दाग नहीं
मितेगे
फ़कीर बादशाह साब (FAKEERA)
सब धनवान अगर
दिलदार हो जाए
तो ये बे-रहेम दुनिया
गुलो गुलज़ार हो जाए
फ़कीर बादशाह साब (FAKEERA)
दर्द काग़ज़ पर उतार कर देखो ज़रा
दिल बहोत हल्का हल्का हो जाएगा
फ़कीर बादशाह साब ( FAKEERA)
या रब मेरे मुझे तू
बादशाह ए फ़कीर बना दे
मै जिसको भी दुआ दूं
उसकी तू तकदीर बना दे
फ़कीर बादशाह साब (FAKEERA)
मैंने तुझे बच्चे की तरह पाला है
मेरा बाप मत बन जाना
मुझे डस कर सांप मत बन जाना
फ़कीर बादशाह साब ( FAKEERA)
जिसे तू धड़कन समझ ता है
वोह की और के दिल की रानी है
तू जिसका दीवाना है
वोह किसी और की दीवानी है
तू उसके लिए बेगाना है
वोह तेरे लिए बेगानी है
ये प्यार प्यार नहीं धोका है
ये प्यार प्यार नहीं नादानी है
चल कहीं और क़िस्मत आजमानी है
फ़कीर बादशाह साब (FAKEERA)
ना हिन्दू पाक है ना मुसलमान शुद्ध है
अरे धर्म के नाम पर ये कैसी युद्ध है
लड़ने मरने वाले भूखे नंगे गरीब
और लड़ाने वाले अमीर धनवान समृद्ध है
फ़कीर बादशाह साब (FAKEERA)
नेताओं के फोटो देश के कोने कोने
तक पहोच गए
पर उनके मदद के हाथ
उनके पड़ोसियों तक भी नहीं पहोच पाए
फ़कीर बादशाह साब (FAKEERA)
ये इंसानों की बस्ती है
यहां इन्सान रहते है
तू इसे हिन्दू या मुसलमान
के इलाके ना बना
फ़कीर बादशाह साब (FAKEERA)
बादशाह और शहेनशाह भी डरते है
उनको भी डर लगता है
तू फ़कीर बन फ़कीर को कैसा डर
फकीरा किसी से घबराता नहीं है
फ़कीर बादशाह साब (FAKEERA)
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