मैने तुझे चांहा था तेरे प्यार के समंदर में डूबकर।
जिन्दगी का हर ख्वाब अधूरा सा रह गया
तेरा साथ छूटकर ।
लोग तो यूं ही कहा करते है
कि हर मर्ज की दवा मिल जाती है।
लेकिन मै कैसै मान लूं कि वो सीसा जुड जायेगा
जो कल टूटा था भरी महफिल में
उसके हाथों से छूट कर...!!
Writer’s notebook
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कोशिश करते रहें, हार हो या जीत...
जीत गए तो मीत है हार गए तो प्रीत...
खुदा तेरा इंसाफ भी बहुतों को खटकता है,
कोई भूखा, कोई आशिक, आखिर क्यों भटकता है..?
हर सांस सज़्दा करती है, हर नज़र में इबादत होती है...
वो रूह आसमानी होती है, जिस दिल में मुहब्बत होती है...!!
नज़र में शोखिया लब पर मुहब्बत का तराना है,
मेरी उम्मीद की जद़ में अभी सारा जमाना है,
कई जीते है दिल के देश पर मालूम है मुझकों,
सिकन्दर हूं मुझे इक रोज खाली हाथ जाना है..!!
प्यार की बात भले ही करता हो जमाना...
मगर प्यार आज भी "मां" से शुरू होता है...
मुस्कुराओ क्या गम है,
जिंदगी में टेंशन किसको कम है,
अच्छा या बुरा तो केवल भ्रम है,
जिंदगी का नाम ही.. कभी खुशी कभी गम है!!
प्यार करने वाले कहते हैं,
पहला प्यार कभी भुलाया
नही जा सकता है,
तो माँ बाप का प्यार
कैसे भूल जाते है .....
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