(बाप जी) भाईं तेरी यादें ,
वाह क्या किया करते थे वादे,
तू तो जैसे गुलाब का फूल हो गया ,
भाई एक बार बताना तो क्या मुझसे भूल हो गया ,
आखिर क्यों नहीं उठाता मेरा फोन ,
क्या नहीं बजती तेरे मोबाइल में रिंगटोन ,
या फिर ज्यादा बिजी है तो समय नहीं मिलता ,
जैसे गर्मियों में फूल नहीं खिलता ,
भाई इतना एटीट्यूट भी ठीक नहीं ,
दो शब्द बात करने को ही तो बोल रहा हूं ,
तुझसे माग रहा भीख नहीं ,
आखिर क्यों मेरे संदेश को देख कर भी अनदेखा कर देते हो,
क्यों रिप्लाई में एक शब्द नहीं लिख देते हो ,
मैं ज्यादा व्यस्त हूं ,
मैं तुझसे बात करूं मैं वो नहीं शख्स हू ,
आखिर क्यों नहीं लिख देते,
कि मुझमे अब वो बात नहीं ,
वादा किया करता था जो अब वो रात नहीं,
वाह सचिन दादा आपकी बात ही निराली है ,
क्या लिखूं आपकी तारीफ में ,
मेरी तो जुबान भी काली है,
मैं तो उस गुलाब के कांटे जैसे हू ना कि फूल ,
आपका एटीट्यूड जायज है मुझसे ही हो गई भूल ,
हाथ जोड़कर माफी मांगता हूं अब मुझे माफ कर देन…
Writer’s notebook
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अब बदल गई कॉलेज वाली चाल ,
बीत गए कॉलेज वाले साल ,
आज दिन भी आ गया तेरा महाकाल ,
वो दोस्त की गाथा कुछ इस प्रकार बताऊंगा ,
वह दोस्त नहीं कलेजा था मेरा ,
कलेजा भी काट के दिखाऊंगा ,
नाम उसका अंकित काम अनगिनत किया ,
जिस दिन मैं कॉलेज नहीं गया उस दिन मेरी अटेंडेंस दिया,
कल दोस्त कि बातों से मुझे दिल से रोना आ गया ,
बोला कहां है मेरी किस्मत दोस्त मैं तो पैऱ से धोखा खा गया ,
वो देख रहा है सपना फौज का ,
और देशभक्ति का जुनून छाया हुआ है ,
क्या करेगा मेरा दोस्त भी एक पैर से वो मार खाया हुआ है,
पर उस पर जुनून इतना बोला मैं करूंगा देश भक्ति ,
मैं बोला सब्र कर दोस्त भगवान में बहुत है शक्ति,
लगन से मेहनत कर एक दिन तू जीत जाएगा ,
और ये जो अभी तेरे उपर हंसते है ना इनके लिए तू इतिहास बनाएगा ,
और जिद पकड़ ले तू एक बात की ,
पोस्टिंग आएगा तू भी मेरे साथ ही,
इन हाथ की लकीरों पर विश्वास करना छोड़ दो,
और अपनी मेहनत पर ध्यान दो जो बीच रास्ते में आए उसे तोड़ दो ,
मै यकीन दि…
माँ बाप का होना भी
किसी खजाने से कम नहीं है ,
अगर मां-बाप का सर पे हाथ है
तो जिंदगी में गम नहीं...✍️
*~भाई का छोटा भाई*
प्यार से ज्यादा जिम्मेदारियों का पाठ पढ़ाया जाता है ,
कितनी मुश्किल से कमाते हैं पैसा बचपन से हम लड़को को यही सिखाया जाता है...✍️
*~भाई का छोटा भाई*
कल मैं नीद मे था तब,
एक झलक ज़िन्दगी को देखा ,
वो मेरी राह में गुनगुना रही थी ,
मैंने उसको ढूंढा उसे इधर उधर ,
वो सहला कर मुझे सुला रही थी ,
मुझे ज़िन्दगी क्यो देती है इतना दर्द,
मैं उसे और वो मुझे बता रही थी ,
मैंने पूछा तुने मुझे ये दर्द क्यों दिया
उसने कहा मैं ज़िन्दगी हु तुझे जीना सिखा रही थी ,
मैंने कहा जीना कहा मै तो घुट घुट कर मर रहा हूं ,
ये ज़िन्दगी मुझे माफ कर दे,
अब मैं जीने से डर रहा हूँ,
मैं अपने ही जज्बातों को लिख लिख कर पढ़ रहा हूं ,
थक गया जी जी के ए जिंदगी मुझे माफ कर दे ,
अब मैं जीने से डर रहा हूं ,
जख्म भरा शरीर लेकर मैं ऐसे ही धीरे-धीरे मर रहा हूं ,
ए जिंदगी मुझे मौत दे दे ,
अब मैं जीने से डर रहा हूं ,
वक्त सही नहीं है इसलिए मैं भाई का छोटा भाई लिखने से भी हर रहा हूं ,
ए जिंदगी मुझे मौत दे दे,
अब मैं जीने से डर रहा हूँ ,
ए जिंदगी मुझे मौत दे दे,
अब हम जीने से डर रहा हूं...✍️
~भाई का छोटा भाई
जो इज्जत करे औरत जात कि मैं उसे (जताना) दूजता हूं ,
हां यह सच है कि मैं रावण को पूजता हूं....✍️
*~~भाई का छोटा भाई~*
मेरे दोस्त पढ़ लिखकर भी बेरोजगार हो गए.....
मैं लिखना तो नहीं चाहता था ,
लेकिन लिखने में मजबूर हो गया ,
जैसे मेरा दोस्त बाहर पढ़ने गया और हमसे दूर हो गया ,
इतना पढ़ लिख कर भी ,
मेरा दोस्त बेरोजगार हो गया ,
क्या बीतती होगी मेरे दोस्त पर ,
अब वह लाचार हो गया ,
क्या बताऊं साहब
कि मेरा दोस्त पढ़ लिखकर भी बेरोजगार हो गया ,
क्या सपना बुने होंगे उसके घर वालों ने ,
अब वह सब बेकार हो गए ,
कैसे बताऊं साहब
कि पढ़ लिखकर मेरे दोस्त बेरोजगार हो गए ,
कंपटीशन इतना बढ़ गया इस जमाने में ,
कि बड़ा मुश्किल हो गया कमाने में ,
शिक्षा पैदा कर रही शिक्षित बेरोजगार,
चपरासी पद के लिए भी हो रही मारामार ,
अगर एक जगह चपरासी की आती हैं
तो हजारों इंजीनियर और other educated लाइन लगाते हैं ,
वाह रे वक्त कैसे कैसे दिन दिखाते हैं ,
उसने भी सिलेक्शन नहीं हुआ दोस्त का और दोस्त लाचार हो गया,
कैसे बताऊं साहब
की पढ़ लिखकर मेरा दोस्त बेरोजगार हो गया ,
दुनिया वाले ऐसे देखते हैं ,
जैसे पढ़…
सर मैं नया बिल गेट्स बनना चाहता हूं ,
यह भाई का छोटा भाई नाम नहीं ,
मै कुछ बडा करना चाहता हूं ,
सर मैं नया बिल गेट्स बनना चाहता हूं
मैं पढ़ने में इतना कमजोर हूं ,
की Sun को सुन पढ़ता हूं ,
पेपरों में सभी को खटकता हूं ,
सर मैं नया बिल गेट्स बनना चाहता हूं ,
इतिहास में ऐसा लिखा कि ,
मुमताज ने ताज बनवाया ,
मजदूरों ने ताज का राज बताया ,
तभी गब्बर ने उनके हाथ कटवाया ,
कुछ भी हो ,
सर मैं नया बिल गेट्स बनना चाहता हूं ,
नहीं आती मुझे भूगोल,
परीक्षा में नंबर आते हैं जीरो बटा गोल ,
अभी भी मै इतना कमजोर हूं ,
लड़की को लकड़ी पढ़ता हूं ,
सर थोड़ा झूठा थोड़ा सही अल्फाज मैं भी गढता हूं ,
अंग्रेजी में थोड़ा गरीब हू ,
पर गणित से ज्यादा करीब हू ,
कुछ भी हो,
सर मैं नया बिल गेट्स बनना चाहता हूं....✍️
*~~भाई का छोटा भाई~*
बचपन लिखा तो बचपना याद आ गया ,
जख्म लिखा तो खून आ गया ,
कैसे बताऊं दोस्त कि तुम्हारी याद नहीं आती ,
"द" लिखा तो दोस्ती का सैलाब आ गया.....✍️
*~~भाई का छोटा भाई~*
मुझे भी हुई है मोहब्बत ,
मै कभी इंकार नहीं किया ,
मैं किसी के दिल से नहीं ,
मोहब्बत हिंदुस्तान से किया..... ✍️
~भाई का छोटा भाई
मॉ बाप बच्चों को पैरों पर खड़ा करते रह गए,
इसी मे माँ बाप के घुटने जवाब दे गए....✍️
*~~भाई का छोटा भाई~*
जब तक घर में था तो ठीक था मै ,
जब से शहर आया तब से मै "मैं" न रहा.....?
*~~भाई का छोटा भाई~*
मेरी बातें दुनिया को बहुत चुभती है ना
एक दिन खामोश हो जाऊंगा ,
फिर पढ़ते रहना खामोशिया
और करते रहना मेरी तारीफ ,
मैं चुपके से मर जाऊंगा.....✍️
~~भाई का छोटा भाई~

मेरी छुट्टी की तारीख खुद क्या खुदा को भी नहीं पता ,
गांव तो जाऊंगा पर तारीख का मोहताज नहीं ,
मॉ मैं भी घर आऊंगा कल पर आज नहीं.....✍️
~~भाई का छोटा भाई~
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