जो इज्जत करे औरत जात कि मैं उसे (जताना) दूजता हूं ,
हां यह सच है कि मैं रावण को पूजता हूं....✍️
*~~भाई का छोटा भाई~*
Words for every feeling
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A little shayari, a little reflection. Read words shared from the heart.
मेरे दोस्त पढ़ लिखकर भी बेरोजगार हो गए.....
मैं लिखना तो नहीं चाहता था ,
लेकिन लिखने में मजबूर हो गया ,
जैसे मेरा दोस्त बाहर पढ़ने गया और हमसे दूर हो गया ,
इतना पढ़ लिख कर भी ,
मेरा दोस्त बेरोजगार हो गया ,
क्या बीतती होगी मेरे दोस्त पर ,
अब वह लाचार हो गया ,
क्या बताऊं साहब
कि मेरा दोस्त पढ़ लिखकर भी बेरोजगार हो गया ,
क्या सपना बुने होंगे उसके घर वालों ने ,
अब वह सब बेकार हो गए ,
कैसे बताऊं साहब
कि पढ़ लिखकर मेरे दोस्त बेरोजगार हो गए ,
कंपटीशन इतना बढ़ गया इस जमाने में ,
कि बड़ा मुश्किल हो गया कमाने में ,
शिक्षा पैदा कर रही शिक्षित बेरोजगार,
चपरासी पद के लिए भी हो रही मारामार ,
अगर एक जगह चपरासी की आती हैं
तो हजारों इंजीनियर और other educated लाइन लगाते हैं ,
वाह रे वक्त कैसे कैसे दिन दिखाते हैं ,
उसने भी सिलेक्शन नहीं हुआ दोस्त का और दोस्त लाचार हो गया,
कैसे बताऊं साहब
की पढ़ लिखकर मेरा दोस्त बेरोजगार हो गया ,
दुनिया वाले ऐसे देखते हैं ,
जैसे पढ़…
सर मैं नया बिल गेट्स बनना चाहता हूं ,
यह भाई का छोटा भाई नाम नहीं ,
मै कुछ बडा करना चाहता हूं ,
सर मैं नया बिल गेट्स बनना चाहता हूं
मैं पढ़ने में इतना कमजोर हूं ,
की Sun को सुन पढ़ता हूं ,
पेपरों में सभी को खटकता हूं ,
सर मैं नया बिल गेट्स बनना चाहता हूं ,
इतिहास में ऐसा लिखा कि ,
मुमताज ने ताज बनवाया ,
मजदूरों ने ताज का राज बताया ,
तभी गब्बर ने उनके हाथ कटवाया ,
कुछ भी हो ,
सर मैं नया बिल गेट्स बनना चाहता हूं ,
नहीं आती मुझे भूगोल,
परीक्षा में नंबर आते हैं जीरो बटा गोल ,
अभी भी मै इतना कमजोर हूं ,
लड़की को लकड़ी पढ़ता हूं ,
सर थोड़ा झूठा थोड़ा सही अल्फाज मैं भी गढता हूं ,
अंग्रेजी में थोड़ा गरीब हू ,
पर गणित से ज्यादा करीब हू ,
कुछ भी हो,
सर मैं नया बिल गेट्स बनना चाहता हूं....✍️
*~~भाई का छोटा भाई~*
Zara allaah ki shaan to dekho
Ke allaah ke aagey panch waqt
sajda karne wale banda
Ek na namaazi na farmaan bande
ke aagey chand tukdon ke liye
jholi phailate hai
बचपन लिखा तो बचपना याद आ गया ,
जख्म लिखा तो खून आ गया ,
कैसे बताऊं दोस्त कि तुम्हारी याद नहीं आती ,
"द" लिखा तो दोस्ती का सैलाब आ गया.....✍️
*~~भाई का छोटा भाई~*
Tere dil ke sabhi iraadon se chla jaunga...
Chehra bhi bhul jaoge mera,
Saare vaadon se chla jaunga...
Musafir hoon,
Teri yaadon se bhi chla jaunga...
मुझे भी हुई है मोहब्बत ,
मै कभी इंकार नहीं किया ,
मैं किसी के दिल से नहीं ,
मोहब्बत हिंदुस्तान से किया..... ✍️
~भाई का छोटा भाई
मॉ बाप बच्चों को पैरों पर खड़ा करते रह गए,
इसी मे माँ बाप के घुटने जवाब दे गए....✍️
*~~भाई का छोटा भाई~*
जब तक घर में था तो ठीक था मै ,
जब से शहर आया तब से मै "मैं" न रहा.....?
*~~भाई का छोटा भाई~*
मेरी बातें दुनिया को बहुत चुभती है ना
एक दिन खामोश हो जाऊंगा ,
फिर पढ़ते रहना खामोशिया
और करते रहना मेरी तारीफ ,
मैं चुपके से मर जाऊंगा.....✍️
~~भाई का छोटा भाई~

मेरी छुट्टी की तारीख खुद क्या खुदा को भी नहीं पता ,
गांव तो जाऊंगा पर तारीख का मोहताज नहीं ,
मॉ मैं भी घर आऊंगा कल पर आज नहीं.....✍️
~~भाई का छोटा भाई~
Abhi abhi to jawaani ki
dahleez par pahla kadam
rakha hai abhi se rota hai kya
Aage ki soch dekh aage hota hai kya

मां तो आखिर मां होती है ,
बातें करते करते पता नहीं कहां खो जाती है ,
तुमको क्या लगता है दोस्त....
कि मां को तुम्हारा कमरा सजाना और
तुम्हारे लिए खाना बनाना ही अच्छा लगता है ,
अरे मां भी कभी लड़की थी दोस्त और
दुनिया कि हर लड़की की तरह मॉ को भी तारीफ सुनना अच्छा लगता है.....✍️
~~भाई का छोटा भाई~
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